जगदलपुर इंद्रावती पोस्ट : समारोह को संबोधित करते हुए सांसद महेश कश्यप ने कहा कि आज देश की सबसे बड़ी जरूरत स्वदेशी के संदेश को घर-घर तक पहुँचाना है. उन्होंने श्रद्धेय दत्तोपंत ठेंगड़ी के विचारों और प्रेरणाओं को अपने जीवन में उतारने की बात कही. उन्होंने स्पष्ट किया कि स्वदेशी का मतलब केवल भारतीय सामान अपनाना भर नहीं है, बल्कि यह देश की आर्थिक रीढ़ को मजबूत करने और आत्मनिर्भर भारत के सपने को साकार करने का एक बड़ा माध्यम है.
वहीं, महापौर संजय पाण्डेय ने इस आयोजन को स्वदेशी विचारों का महाकुंभ करार दिया. उन्होंने कहा कि यह मेला स्थानीय उत्पादों, कारीगरों और छोटे उद्यमियों को आगे बढ़ाने का एक बेहतरीन मंच है. उन्होंने सभी कार्यकर्ताओं से पूरे उत्साह के साथ इस आयोजन को सफल बनाने की अपील की.
इस पावन अवसर पर उपस्थित सभी लोगों ने एक स्वर में बस्तर अंचल में स्थानीय कला, व्यापार और उद्यमिता को बढ़ावा देने का संकल्प लिया, ताकि स्वदेशी का यह संदेश समाज के हर वर्ग तक प्रभावी ढंग से पहुँच सके
प्रमुख कार्यकर्ताओं की सहभागिता कार्यक्रम में स्वदेशी जागरण मंच के प्रांत संपर्क प्रमुख सुब्रत चाकी, बस्तर संभाग संयोजक डॉ. राम राकेश जांगिड़, सह संयोजक अनिल लुंकड, लक्ष्मण झा, संग्राम सिंह राणा, प्रांत पत्रिका प्रमुख जी.आर. जगत, विधुशेखर, रोहित बैस, धीरज कश्यप, सुलता महाराणा, मनीष अहीर, रामनरेश पाण्डेय, जयेश पांचाल, भावेश सुरेश गुप्ता, संतोष गोड़, श्याम सुन्दर भगेल, कुबेर देवांगन, कलावती केशर, राजपाल केशर, संतोष त्रिपाठी, आशुतोष पाल, शीशीनाथ पाठक और पारिश राम बेशरा सहित तमाम कार्यकर्ता मौजूद रहे